Saturday, November 3, 2012

जन्म का पाया

जन्म समय के अनुसार नक्षत्र और राशि के पाये को देखा जाता है नक्षत्र पाया शरीर और परिवार से जोडा जाता है राशि का पाया दिमागी सोच सांसारिक स्थान और कार्य विवाह आदि के लिये माना जाता है। पाये चार प्रकार के होते है -

स्वर्ण पाया
रजत पाया
ताम्र पाया
लौह पाया

नक्षत्र का स्वर्ण पाया सही माना जाता है राशि का स्वर्ण पाया सही नही माना जाता है जो पाया स्त्री के लिये सुखकारी होता है वही पाया पुरुष के लिये हानिकारक माना जाता है। अगर राशि का पाया स्त्री का स्वर्ण है तो वह उत्तम माना जाता है और पुरुष केलिये स्वर्ण पाया राशि से खराब माना जाता है। पुरुष के स्वर्ण पाये मे जन्म लेने से या तो उसके जीवन में अल्प आयु का योग होता है या वह आजीवन अपने अहम और बुद्धिमान समझने के कारण आगे नही बढ पाता है इस कारण मे एक बात और भी देखी जाती है कि जातक को वास्तविक जीवन मे जाने के लिये माता पिता रोकते रहते है उसे गमले का पौधा समझकर पाला जाता है जातक का स्थानन्तरण होता रहता है इस प्रकार से व्यक्ति अपने सामाजिक पारिवारिक और व्यवहारिक जीवन को समझ नही पाता है फ़लस्वरूप वह एकान्त मे रहने वाला और अपने काम को खुद करने के बाद सफ़लता को नही लेने वाला होता है। सफ़लता के लिये जीवन की लडाई को लडना जरूरी होता है और जब जीवन की लडाई दूसरो के भरोसे से लडी जाती है तो कभी न कभी बडी असफ़लता हाथ ही लगती है.इस पाये के व्यक्ति को पिता का सुख कम मिलता है अपने पारिवारिक जीवन से जैसे चाचा चाची ताऊ ताई दादा दादी से दूरिया बनी रहती है।

रजत पाया सभी मायनो मे सही माना जाता है यह स्त्री जातक के लिये भी और पुरुष जातक दोनो के लिये श्रेष्ठ माना जाता है। व्यक्ति अपने मानसिक कारणो को सम्भालने उन्हे बेलेन्स करने के लिये अपनी योग्यता को जाहिर करता रहता है सभी प्रकार के कार्य जो उसके जीवन के लिये प्रभावी होते है वह लोक रीति से सामाजिकता से एक दूसरे के मानसिक प्रभाव को जल्दी समझ लेने से पूरा करता रहता है उसे अपने जीवन मे लोगो की बुरी सोच का परिणाम भी सफ़लता के लिये आगे बढाने वाला होता है वह किसी कार्य के गलत होने पर उसे शिक्षा के रूप मे मानता है माता के साथ सम्बन्ध अच्छे रहते है पिता का ही लगाव सही रहता है लेकिन बहिनो की संख्या और स्त्री संतान की अधिकता होना माना जाता है,इस पाये मे जन्म लेने वाले जातक पानी के किनारे रहने पानी सम्बन्धी काम करने मे सफ़ल होते है.


ताम्र पाया तकनीकी दिमाग को प्रदान करने वाला होता है जातक बात का धनी होता है लम्बी आयु को जीने वाला होता है धन की कमी जातक को नही अखरती है वह अपने व्यवहार आदि से धन के क्षेत्र को कायम रखने वाला होता है खुद के लोग उस पर भरोसा करने वाले होते है जातक जो भी बात करता है उसे निभाने वाला होता है समय पर काम आने वाला होता है लेकिन अपने जीवन को दूसरो के प्रति बलिदान करने वाला भी होता है। जमीन जायदाद अचल सम्पत्ति और खनिज आदि कारको मे आगे बढता जाता है। भाइयों के लिये मित्रो के लिये और जान पहिचान वालो के लिये जीवन को बचाने वाला रोजाना की जिन्दगी मे अपने को आगे ही आगे बढाने वाला होता है। सन्तान सुख मे कमी रहती है लेकिन जो भी सन्तान होती है वह नाम कमाने वाली और परिवार का नाम रोशन करने वाली होती है मर्यादा मे तथा कायदे से चलने वाली होती है जीवन साथी से मतभेद होना और किसी न किसी बात पर आपसी कलह को भी होता देखा जाता है लेकिन जीवन साथी से दूरिया नही हो पाती है कुछ समय के लिये आपसी कलह तो हो सकती है लेकिन हमेशा के लिये नही माना जा सकता है जातक भोजन सम्बन्धी कारणो मे आगे रखने वाला होता है जातक का हाजमा भी सही होता है और जातक को भूख भी बहुत लगती है.तीखे भोजन मे जातक की अधिक रुचि होती है।

लोहे के पाये को खराब माना जाता है जातक या जातिका आलसी प्रवृत्ति के होते है चालाकी से काम करना एकान्त मे रहना मेहनत वाले काम करने के बाद केवल जीविका को चलाने के लिये माने जाते है दूसरो की सेवा करना और अपने श्रम के आधार पर ही जीवन को चलाना माना जाता है सन्तान भी आलसी होती है साथ ही जीवन मे कब पैदा हुये और कब मर गये इसका भी प्रभाव नाम और धन के क्षेत्र मे उजागर नही हो पाता है। माता पिता के लिये भी कष्टकारी होता है विद्या के क्षेत्र मे कमी रहती है विवाह आदि के क्षेत्र मे सरलता से जीवन नही चल पाता है जीवन साथी को एक प्रकार से जातक को ढो कर ले कर चलने वाली बात को माना जाता है वह बात चाहे अस्पताल सम्बन्धी कारण से बनी हो या जातक की अकर्मण्यता से मानी जाती हो जातक को शराब कबाब तामसी और नशे की आदते भी होती देखी जाती है नीचे लोगो से मित्रता और नीचे काम करने जुआ लाटरी सट्टा आदि के क्षेत्र मे अधिक रुचि देखी जाती है खेल कूद मे भी कम मन लगता है दूसरो को लडाकर खुद मजा लेने वाले लोग भी अधिकतर इसी पाये मे जन्म लिये हुये देखे गये है,हिंसा से बहुत अधिक प्रीति देखी जाती है दया भाव की कमी होती है ऐसे लोग अपने ही लोगो को ठग भी सकते है और धोखा भी देते देखे गये है।

स्वर्ण के पाये मे जन्म लेने वाले जातक को सोने मे हरे रंग के नगीने पिरोकर गले मे पहिनना चाहिये जिससे उनके जीवन मे आहत होने वाले कारण कम होते है नारियल का दान देते रहना चाहिये,पिता की आयु की बढोत्तरी के लिये रोजाना सूर्य को अर्घ देना चाहिये पराये धन और स्त्री पुरुष से सम्बन्धो के मामले मे बचना चाहिये कारण इस पाये मे जन्म लेने वाले को यौन सम्बन्धी बीमारिया अधिक होती है,धारी वाले कपडे पहिनने से भी इस पाये का दोष कम होता है हाथ मे कलावा बांधने से भी दोष मे कमी होती है धार्मिक स्थानो मे जाना और माथा टेकते रहने से भी दोष कम होता है।

रजत पाये वाले व्यक्ति को तीर्थ स्थानो मे जाते रहना चाहिये और तीर्थ स्थान के जल को अपने घर मे या सोने वाले कमरे मे ऊंचे स्थान पर रखना चाहिये माता के कष्ट को दूर करने के लिये रोजाना शिव स्तोत्र का पाठ करना चाहिये चांदी के पात्र मे पानी या दूध पीना चाहिये,हरे रंग के कपडो का अधिक प्रयोग करना चाहिये,ठगी चालाकी आदि के कामो से दूर रहना चाहिये।

ताम्र पाये के दोष की शांति के लिये मन्दिरो मे या दान के स्थानो मे भोजन का दान करना चाहिये तांबे की कोई न कोई चीज अपने पास रखनी चाहिये भोजन मे मिर्च का अधिक प्रयोग नही करना चाहिये मीठा भी कम ही लेना चाहिये,भाइयों की सेवा करने से और मित्रो का सहयोग करने से भी इस पाये का दोष कम होता है।

लौह के पाये मे जन्म लेने वाले जातक को अपने वजन के बराबर का लोहा शनि स्थान मे दान करना चाहिये आलसी प्रभाव को रोकने के लिये मिर्च का अधिक सेवन करना चाहिये लेकिन काली मिर्च का सेवन ही सुखकारी होगा,आंखो की ज्योति को बढाने के लिये घी काली मिर्च और बतासे को आग मे पका कर रोजाना सुबह को प्रयोग मे लेना चाहिये तुलसी की पत्ती काली मिर्च और नीम की टांची को रोजाना बासी पेट लेने से भी इस पाये का दोष दूर होता है लोहे का छल्ला दाहिने हाथ मे स्त्री और पुरुष दोनो को मध्यमा उंगली मे पहिनने से भी परिवार की कलह और घर के मतभेद दूर होते है।

 

24 comments:

  1. बहुत सुन्दर प्रस्तुति ............
    गुरुदेव आप की पोस्ट से मुझ जैसा मुर्ख भी ज्योतिष सिख सकता हे..........
    प्रभु अगर मेरे प्रश्न का उतर मिल जाता तो बड़ी महरबानी होती ......
    धन्यवाद ...............

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    1. प्रतीक जी आपको अपने प्रश्न को लिखकर http://www.astrobhadauria.com से भेज दे.आपकी सराहना के लिये आभार.

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  2. गुरुजी को प्रणाम,
    गुरुजी आपको दिवाली की शुभकामनायें.
    गुरुजी पुजन की विधी बता दे तो कृपया होगी. वृष लगन श्रवण नक्षत्र.

    धन्यवाद

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    1. खुश रहो राकेश,तुम्हे भी दीपावली की ढेर सारी शुभकामनाये,खुश रहो तरक्की करो,फ़लो फ़ूलो,दीपावली का पूजन तुम्हारे लिये रात बारह बजे से एक बजे के बीच का है,इस समय को प्रयोग करो.साथ ही अबकी बार की दीपावली में पूर्वजो के नाम के दीपक भी जलाने का विधान बताया गया है,राहु के शमशानी राशि मे और शुक्र के कन्या यानी कर्जा दुश्मनी बीमारी की राशि मे होने से यह कारण बन रहा है.पूर्वजो के नाम के साथ कोरे (बिना धुले हुये) दीपक घी के जलाकर पूजा स्थान मे पहले रखना उसके बाद ही पूजा करना.

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  3. naskar pandit g,m apse baby k name rashi aor nachhtra jan ne ke ware janana chahta hu,new born baby ka name kaise rakhte h,plase batane ka kast kare.apki ati kripa ho guru g

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  5. Guruji pranam hamate ghar ek balak be jana m liya . Hanuman jayanti wale din.13 April 2017 , 10:23 am...raashi ke baare mein bataye ..naa m ke baare ..mein bataye...

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  6. Guru ji Balika kei liye Swarn Paayo kaa thoda fal bataye.
    Apke charno mei saadar pranaam

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  7. DOB 28-04-2017 time 5:15 pm Pratham Navratri PR grah nakshatra paya dosh avm nivaran bataye apki ati kripa hogi

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  8. नाम- पूजा
    लिंग- स्त्री
    जन्म दिंनाक- 30 मई 1995
    जन्म स्थान - चरखी दादरी, हरियाणा
    जन्म समय - 8:30 am
    सवाल - मुझे नौकरी कब मिलेगी एवं किस क्षेत्र में मिलेगी?

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  9. गुरु जी को मेरा कोटि कोटि प्रणाम,
    गुरु जी आपसे हाथ जोड़ कर विनती करता हूँ मेरी प्रॉब्लम समझे और उपाय बताए। बहुत ढके खा कर आपके पास आया हूँ।

    नाम - मुकेश कुमार
    लिंग- पुरुष
    जन्म दिनांक- 06-06-1986
    जन्म समय - 7:55 pm
    जन्म स्थान- मंडौरा, सोनीपत, हरियाणा
    सवाल- मुझे नोकरी कब मिलेगी और शादी में क्यों दिकत आ रही है।

    Mob.9813438406,7011174454
    Email- lsharma.112.ls@gmail.com

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  10. Name ...Mannat .... female. DOB...12/september/2015 .. time...8:11pm jaipur. Question...jatak ka paya ..or future me kis field me success mil Sakti h

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  11. DOB.1/July/2017 time.....3:06 pm question... Jatak ka paya or future me kis field me success milegi

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  12. Mere bete ka Janam date or time yhe hai
    11/11/2015 time 08:35 AM
    Janam place bilsi up
    Plz lagan chart batao do. Or paya bhi batao dena

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  13. Guruji main sone ke paye hu,mujhe kya karna chaiye ki mere sare kast door ho jaye

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  14. Guru G .mere Rashi m sone Ka pad h
    Eska kuch solution hota h
    Please give me guide

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  15. नाम- arun kumar
    लिंग- male
    जन्म दिंनाक- 24/05/1990
    जन्म स्थान - meerut
    जन्म समय - 7.30 pm
    सवाल - life m muje koi tarrki nai mil pa rahi h karo m as chuka Hu life m much Ni h

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  16. Guruji meri GUDIYA swarna paye Mai Hui hai. Iske bare Mai margadarhan de

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  17. Mera sone ka pata hai mujh kuch upaye btaye me bht bimar rehti hu

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  19. Guru ji mere bete ki birth 17.02.1992 me hua hai time 03.20 PM delhi me use skin me allergy hai hip per or mansik problem hai kya karu

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  20. Guru ji meri DOB 12/07/1988 Hai please bataye Kuch mnie bhut pareshan rehta hu Kuch upay bataye

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